कटोरिया से अरविंद प्रसाद सिंह का रिपोर्ट ।
खैरा लोक मंच बिहार द्वारा रविवार को प्रेस विज्ञप्ति जारी कर स्थानीय प्रशासन पर संघठन के लोगों को आतंकित करने का जमुई और बांका जिले में शासक वर्ग खासकर वन माफिया फॉरेस्ट रेंजर सांप्रदायिक ब्राह्मणवादी सोच वाले सामंती तत्व एवं स्थानीय पुलिस पदाधकारी संगठन के कार्यकर्ताओं और नेताओं को झूठे केस में फंसाकर जेल भेजने की धमकी देकर आतंकित कर रहे हैं। रेंजर एवं फॉरेस्टर जहां वर्षों से चासबास की जमीन पर दखल कब्जा के साथ रह रहे जंगल वासियों के घरों को उजाड़ने की धमकी दे रहे हैं। वहीं थाना की पुलिस बिना केस के थाने में हाजिर होने की फरमान जाहिर कर रहे हैं। यह सब स्थानीय शासक के इशारे पर हो रहा है। इन सभी की मंशा है कि उन्हें बेरोकटोक भ्रष्ट्राचार करने दिया जाए। बताया गया कि इन माफियाओं को बीड़ी कंपनी के मालिकों का भी सहयोग प्राप्त है। संगठन द्वारा इस संबंध में डीजीपी बिहार को भी आवेदन देकर मामले से अवगत कराते हुए आवश्यक कार्रवाई की मांग की गई है। अन्यथा सड़क पर उतरकर आंदोलन करने की चेतावनी दी गई है।
