पद एक, शिक्षिका दो, दोनो ने पाया आठ साल तक वेतन

पद एक, शिक्षिका दो, दोनो ने पाया आठ साल तक वेतन

 बांका (चांदन): चांदन प्रखंड मुख्यालय स्थित आदर्श मध्य विद्यालय में एक अजीबोगरीब प्रशासनिक उदासीनता का मामला सामने आया है। इस विद्यालय में उर्दू के एकमात्र शिक्षिका का पद रहने के बावजूद वर्ष 2012 से 2019 तक दो शिक्षिका उर्दू शिक्षिका के रूप में कार्यरत रहीं और दोनों को वेतन भुगतान होता रहा। इसका खुलासा नये बीईओ सुरेश ठाकुर के चांदन में योगदान करने के बाद सामने आया। और उन्होंने इसकी लिखित सूचना वरीय पदाधिकारियों के को दिया। तब जाकर बीडीओ ने आनन-फानन में बाद में 2006 से विद्यालय में कार्यरत फौजिया बेगम को बिना किसी कारण स्थानांतरित कर दिया गया।जबकि बाद में बर्ष 2012 में गलत तरीके से योगदान करने वाली नुजहत जहां को यथावत रखा गया। इस आदेश से पीड़ित होकर उक्त शिक्षिका फौजिया बेगम  जिला अपीलीय से न्याय नही मिलने के कारण माननीय राज्य अपीलीय प्राधिकार गयी।जहां बीडीओ के आदेश को गलत मानते हुए को आदेश दिया गया कि ऐसे मामले से संबंधित सभी तथ्यों एवं साक्ष्य को 3 सप्ताह के अंदर रखने का निर्देश दिया गया। तत्पश्चात ही सभी तथ्यों का परीक्षण करने एवं सभी पक्षों को सुनने के बाद कोई भी सक्षम आदेश पारित करें। इस संबंध में बीडीओ दुर्गा शंकर ने बताया कि आदेश के आलोक में सभी पक्षों को सुनने के पश्चात ही आदेश पारित किया जाएगा। वही बीईओ सुरेश ठाकुर ने कहा कि मेरे योगदान के बाद इस बात की जानकारी मुझे मिला की आदर्श मध्य विद्यालय में एक उर्दू शिक्षक की जगह दो काम कर रही है और दोनों को वेतन दिया जा रहा है। इस पर उन्होंने अविलंब रोक लगा दिया है। इसमें सबसे बड़ी गलती प्रधानाध्यापक की होती है जिसने एक के कार्यरत रहते हुए दूसरे का उर्दू शिक्षक के पद पर योगदान कराया। इस प्रकार आठ साल तक बिना किसी नियम कानून के एक पद पर दो शिक्षक को वेतन का भुगतान होता रहा।


Post a Comment

0 Comments