मझौलिया।चीनी मिल के सीजीएम इनदीप सिंह भाटिया ने टेक्निकल मीटिंग को संबोधित करते हुए कहा कि वे टीम वर्क में विश्वास करते है।प्राकृतिक आपदा जैसे बाढ़ आदि को हम नहीं रोक सकते।ऐसी परिस्थिति में हम अपना घर सुधारेंगे।कर्मचारियों व श्रमिको को कहा कि वे अपने जिंदगी का बड़ा हिस्सा 24 घण्टे में सबसे बड़ा हिस्सा फैक्ट्री में गुजारते है।मेहनत के बल पर चीनी का उत्पादन करते है।उन्होंने चीनी उत्पादन में लागत खर्च कम करने का आह्वान श्रमिको से की।ताकि बाजार में जो उतार चढ़ाव आ रहे है उसका असर कम पड़े।बचत को उन्होंने समृद्धि बताया।उन्होंने कहा कि बिहार को न.1 फैक्ट्री बनाना है।उन्होंने कहा कि बेहतर काम के लिये सुविधा मुहैय्या करना उनकी जिम्मेदारी है।उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिया कि जो भी कोई एम्प्लॉयी कंपनी द्वारा प्रदत्त यूनिफार्म, शूज, हेलमेटऔर परिचय पत्र का उपयोग करते नही पाया गया तो उसपर अनुशासनिक कार्रवाई की जायेगी । कई श्रमिको ने कहा कि कुछेक श्रमिको और कर्मचारियों को उपरोक्त चीजे नही मिल पायी है।इस पर उन्होंने जल्द ही उक्त सुबिधाये उपलब्ध कराने की बात कही। शुगर मिल के सभागार में सम्पन्न टेक्निकल मीटिंग की अध्यक्षता नवागत जीएम इंजीनियरिंग शैलेन्द्र कुमार ने की।जीएम इंजीनियरिंग श्री कुमार ने श्रमिको कर्मचारियों से परिचय प्राप्त किया ।उन्होंने कहा कि आप सबो के जीवन को आसान और सुरक्षित बनाना उनकी जिम्मेवारी है।उन्होंने कहा कि काम के दौरान कभी कभार गलतियां होती है।जिसमे सुधार किया जा सकता है।लेकिन जान बूझकर गलती करना गद्दारी है।उन्होंने श्रमिको को अपने जॉब के प्रति गंभीर होने की बात कही।तथा श्रमिको को दोगुना उत्साह से भयमुक्त होकर काम करने की नसीहत दी।मौके महाप्रवंधक तकनीकी शैलेंन्द्र कुमार,मैनेजर एचआर रमाकांत मिश्रा,मैनेजर के के ठाकुर, आर पी त्रिपाठी, हरि मोहन सिंह ,राम बड़ाई कुशवाहा,एसपी श्रीवास्तव, निरंजन वर्मा, बाबूलाल ठाकुर, रामेश्वर महतो भोला हाजरा समेत सैकड़ो कामगार उपस्थित थे।तीन दिनों तक चले प्रशिक्षण में लगभग 250 श्रमिको की भागीदारी रही।
Tags
चम्पारण नीति अपडेट
