-: जिले के विभिन्न जगहों के हजारों से ज्यादा बच्चें हुए शामिल।
-:मैट्रिक बोर्ड में बेहतर प्रदर्शन कर जिले का नाम रौशन करें बच्चे : जिलाधिकारी।
-:क्रैश कोर्स का संचालन करने वाली टीम का कार्य काबिलेतारीफ। इस बेहतरीन पहल को हर बच्चे तक पहुंचाएं।
-:उन्नयन बिहार, वेस्ट चम्पारण के फेसबुक, यू-ट्यूब पेज पर ऑनलाइन क्लासेज के माध्यम से भी कराया जाएगा क्रैश कोर्स।
बेतिया। जिलाधिकारी के निदेश पर मैट्रिक एवं इंटरमीडिएट परीक्षा में बेहतर प्रदर्शन करने हेतु जिले में विशेष पहल कर सरकारी/गैरसरकारी विद्यालयों के छात्र-छात्राओं की सुविधा के मद्देनजर क्रैश कोर्स का संचालन किया जाना है। इस हेतु आज विपिन हाईस्कूल में इंट्रेंस परीक्षा का आयोजन किया गया। इंट्रेंस परीक्षा में जिले के विभिन्न जगहों से आये सरकारी/गैरसरकारी हाईस्कूलों के लगभग 1000 छात्र-छात्राओं ने हिस्सा लिया।
इसी परिप्रेक्ष्य में आज जिलाधिकारी, कुंदन कुमार द्वारा ली जा रही इंट्रेंस परीक्षा का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के क्रम में जिलाधिकारी ने बच्चों से बातचीत की तथा बच्चों से फीडबैक भी प्राप्त किया। इंट्रेंस परीक्षा दे रहे बच्चों ने कहा कि जिला प्रशासन द्वारा बहुत ही अच्छा कार्य किया जा रहा है। परीक्षा देने से बच्चों का मनोबल काफी बढ़ रहा है। बच्चों को मैट्रिक परीक्षा देने में कोई भी परेशानी नहीं होगी तथा वे अच्छे तरीके से परीक्षा देंगे और बेहतर प्रदर्शन करेंगे।
जिलाधिकारी ने बच्चों से कहा कि शिक्षा विभाग की विशेष टीम द्वारा जिले के मैट्रिक एवं इंटरमीडिएट परीक्षा में शामिल होने वाले छात्र-छात्राओं के लिए क्लास का संचालन किया जा रहा है। आज का यह टेस्ट इसलिए भी लिया जा रहा है ताकि सभी बच्चे पूरी तरह से परीक्षा के लिए तैयार हो सके। कई बच्चे सीधे परीक्षा में बैठने पर असहज महसूस करते हैं तथा परीक्षा में पूछे गये प्रश्नों का सही तरीके से जवाब नहीं दे पाते हैं।
उन्होंने कहा कि इस परीक्षा से बच्चों का कंफिडेंस बढ़ेगा तथा वे मैट्रिक एवं इंटरमीडिएट परीक्षा में सहजता एवं सरलता के साथ शामिल हो सकेंगे तथा बेहतर प्रदर्शन करेंगे। सभी बच्चे मेहनत करें तथा अपने तथा अपने परिवार के साथ जिले का नाम रौशन करें।
जिलाधिकारी ने कहा कि बच्चों के लिए ऑफलाइन क्लास के साथ-साथ ऑनलाइन क्लासेज का संचालन भी किया जायेगा। जो बच्चे ऑफलाइन क्लास में भाग नहीं ले सकते हैं, वे घर बैठे ही ऑनलाइन क्रैश कोर्स के माध्यम से ज्ञान अर्जित करें। ऑनलाइन क्लास के दौरान बच्चे प्रश्न भी पूछ सकते हैं, पूछे गये प्रश्नों का समुचित जवाब भी दिया जाता है। इसके साथ ही टेस्ट सीरीज भी चलाया जाएगा जिससे बच्चे प्रैक्टिश कर सकें।
इस दौरान एक छात्रा ने बताया कि ऑनलाइन क्लासेज का लाभ लेने के लिए मोबाईल की आवश्यकता होती है, परंतु अभिभावक मोबाईल यूज नहीं करने देते हैं। इस पर जिलाधिकारी ने कहा कि अभिभावकों को ऑनलाइन क्लासेज द्वारा क्रैश कोर्स हेतु बच्चों को नियत समय के लिए मोबाईल उपयोग करने देना चाहिए। साथ ही छात्र-छात्राएं भी ये ध्यान रखें कि उसका उपयोग सिर्फ पढ़ाई के लिए करें।
इसी क्रम में डीपीओ द्वारा बताया गया कि फेसबुक पर ऑनलाइन क्लासेज का संचालन नियमित रूप से किया जा रहा है। ऑनलाइन कलासेज का लाभ हजारों की संख्या में बच्चे ले रहे हैं। मैट्रिक तथा इंटरमीडिएट परीक्षा 2022 में शामिल होने वाले बच्चों के लिए क्रैश कोर्स का संचालन किया जा रहा है।
जिलाधिकारी ने कहा कि पूरी टीम के द्वारा कोविड काल से ही बेहतर प्रदर्शन किया जा रहा है, यह काबिलेतारीफ है। इसे और आगे बढ़ाना है। टीम वर्क के साथ आगे बढ़े और बच्चों का भविष्य बेहतर बनायें।
इस अवसर पर उप विकास आयुक्त, अनिल कुमार, डीपीओ, राजन कुमार सहित क्रैश कोर्स का संचालन करने वाले शिक्षक आदि उपस्थित रहे।