रजौन, बांका : सरकार महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए तरह-तरह की योजनाएं चला रही है। इसी क्रम में कृषि विभाग द्वारा हर पंचायत में महिला खाद्य सुरक्षा समूह का गठन किया जा रहा है। इस योजना का लक्ष्य किचन गार्डन मॉडल के तहत सब्जी का उत्पादन कर घर में सब्जी का उपयोग करने के अलावा व्यवसाय भी करना है ताकि इससे एक परिवार में सप्ताह में 800 से एक हजार तक की बचत हो सके और अच्छी खासी आमदनी होने के साथ-साथ महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाया जा सके। इसी कड़ी में बुधवार को प्रखंड क्षेत्र के लीलातरी-कठचातर पंचायत के उपरामा गांव की महिला खाद्य सुरक्षा समूह के सदस्यों के बीच सब्जी उत्पादन का प्रशिक्षण के साथ-साथ सब्जी के बीजों का वितरण प्रखंड सहायक तकनीकी प्रबंधक रंजन कुमार एवं किसान सलाहकार शशिभूषण पांडे द्वारा उपरामा गांव में किया गया। वहीं गुरुवार को मझगांय गांव में महिला खाद्य सुरक्षा समूह के बीच सब्जी के बीज के वितरण के साथ-साथ प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रखंड सहायक तकनीकी प्रबंधक एटीएम रंजन कुमार ने महिला खाद्य सुरक्षा समूह के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि समूह बनाकर महिलाएं आसानी से अपना स्वयं का रोजगार शुरू कर सकती हैं। इससे कृषि योजनाओं की जानकारी एवं लाभ महिलाओं को घर बैठे मिलेगा। साथ ही साथ समय-समय पर परिभ्रमण, प्रशिक्षण कौशल विकास योजना, किसान पाठशाला, डेयरी कीट आदि का लाभ सर्वप्रथम महिला खाद्य सुरक्षा समूह के किसानों को दिया जाएगा। एटीएम रंजन कुमार ने आगे बताया कि अब तक प्रखंड के 18 पंचायतों में से 6 पंचायतों में खाद्य सुरक्षा समूह का गठन किया जा चुका है, जिसमें प्रखंड क्षेत्र के कठौन, उपरामा, चिलकावर, कैथा, धर्मायचक, रजौन सहित कई अन्य गांवो में गठन किया जा चुका है, शेष 12 पंचायतों में महिला खाद्य सुरक्षा समूह का गठन किया जाना है।
रिपोर्ट:केआर राव