बांका: जिस महात्मा गांधी को राष्ट्रपिता कहा जाता है। और देश का कोई भी चुनाव वगैर महात्मा गांधी के नाम का पूरा नही होता।वही अगर महात्मा गांधी की मूर्ति बिना एक पैर का सालों से पड़ा हो तो उसमें दोषी कौन है। इस मूर्ति पर न तो किसी प्रशासनिक अधिकारी का ध्यान है और न ही किसी पंचायत प्रतिनिधि का। यह टूटी मूर्ति चांदन प्रखंड मुख्यालय के मुख्य बाजार की है।जिसे गांधी चौक के नाम से जाना जाता है।और इस मूर्ति की स्थापना यहां के सेनानियों ने आजादी के आंदोलन के समय किया था। इस मूर्ति के बगल में नये गांधी मूर्ति की प्रतिमा आजादी के सेनानी के स्मारक स्थल पर प्रमुख रवीश कुमार द्वारा लगाया गया है।उस समय इस मूर्ति की भी मरम्मत होने की चर्चा थी लेकिन उस नयी मूर्ति के लग जाने के बाद इस मूर्ति की पूरी तरह उपेक्षा कर दिया गया जिससे इसका एक पैर पूरी तरह टूटा पड़ा है।15 अगस्त औऱ 26 जनवरी औऱ गांधी जयंती के अवसर पर उस पर प्लाष्टिक लगाकर ढक दिया जाता है। इस मूर्ति की मरम्मती पर प्रमुख रवीश कुमार और बीडीओ राकेश कुमार ने बताया कि यह काफी पुरानी मूर्ति है।इसका अच्छी तरह मरम्मत कराकर इस धरोहर को बरकरार रखा जाएगा।
