राजर्षि जनक केंद्रीय पुस्तकालय के समय विस्तार की मांग को लेकर CUSB छात्र का अनूठा सत्याग्रह

राजर्षि जनक केंद्रीय पुस्तकालय के समय विस्तार की मांग को लेकर CUSB छात्र का अनूठा सत्याग्रह



गया (बिहार)।दक्षिण बिहार केंद्रीय विश्वविद्यालय (CUSB) के एक छात्र द्वारा राजर्षि जनक केंद्रीय पुस्तकालय के समय विस्तार की मांग को लेकर अनूठा और शांतिपूर्ण सत्याग्रह किया जा रहा है। भारतीय भाषा विभाग के स्नातकोत्तर हिंदी कार्यक्रम (सत्र 2024–26) के तृतीय सेमेस्टर के छात्र निखिल कुमार 29 अक्टूबर 2025 से नंगे पांव विश्वविद्यालय परिसर में आना-जाना कर रहे हैं।
छात्र की मांग है कि पुस्तकालय का समय पूर्व की भांति सुबह 08:00 बजे से रात 08:00 बजे तक किया जाए। वर्तमान में पुस्तकालय का समय सुबह 08:00 बजे से शाम 06:00 बजे तक सीमित है, जिसे छात्र समुदाय अध्ययन के लिए अपर्याप्त बता रहा है।
इस मांग के समर्थन में लगभग 400 से 500 विद्यार्थियों के हस्ताक्षर युक्त आवेदन पत्र दिनांक 21 अगस्त 2025 को विश्वविद्यालय के कुलसचिव कार्यालय में सौंपा गया था। बताया जाता है कि कुलसचिव प्रो. नरेंद्र कुमार राणा ने उस समय मौखिक रूप से आश्वासन दिया था कि सितंबर के अंत तक पुस्तकालय का समय बढ़ा दिया जाएगा। हालांकि, निर्धारित अवधि बीत जाने के बाद भी कोई आधिकारिक आदेश जारी नहीं हुआ।
आश्वासन के बावजूद कार्रवाई न होने पर निखिल कुमार ने 23 सितंबर 2025 को अकेले कुलपति प्रो. कामेश्वर नाथ सिंह से मुलाकात की। छात्र का आरोप है कि कुलपति ने उनकी बात सुनने के बाद पुस्तकालय समय विस्तार से साफ इनकार कर दिया।
इसके बाद निराश होकर छात्र ने 29 अक्टूबर 2025 से सत्याग्रह शुरू किया। निखिल कुमार का कहना है कि यह विरोध पूरी तरह अहिंसक और शांतिपूर्ण है तथा इससे विश्वविद्यालय प्रशासन या अन्य विद्यार्थियों को कोई असुविधा नहीं हो रही है। ठंड के मौसम में स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों के बावजूद छात्र अपने संकल्प पर डटे हुए हैं।
छात्रों का कहना है कि पुस्तकालय का विस्तारित समय शोध और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों के लिए अत्यंत आवश्यक है। फिलहाल विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से इस विषय पर कोई नई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

Post a Comment

0 Comments