बांका: चांदन प्रखंड मुख्यालय मिस्त्री टोला निवासी आलोक शर्मा का रांची में एक सड़क दुर्घटना में अचानक मौत हो जाने से पूरे परिवार सहित प्रखंड भर के लोगों में शोक की लहर छा गया है। आलोक अपनी गरीबी में रह कर भी अपनी पढ़ाई और मेहनत के बदौलत प्रखंड से लेकर जिला और राज्यस्तरीय प्रतियोगिता में मिट्टी में नमी बनाने की विधि को लेकर न सिर्फ राज्य से सम्मानित हुआ बल्कि उसे इसी प्रतियोगिता के कारण राष्ट्रपति से भी मिलने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। उसे सरकार की ओर से पढ़ाई की आगे जारी रखने और प्रतियोगिता की तैयारी के लिए हर मार तीस हजार प्रोत्साहन राशि भी मिलता था।जिस कारण वह दिल्ली में रह कर प्रतियोगिता की तैयारी कर रहा था । उसकी आईएएस और आईपीएस बनने की ललक थी। लोगों और स्वजनों को यह भरोसा था कि आलोक अपने लक्ष्य को जरूर प्राप्त करेगा। लेकिन भगवान को कुछ और ही मंजूर था। आलोक किसी काम से रांची आया था। और वहां किसी बड़े वाहन से टक्कर लगने से उसकी मौत हो गई। देर रात मौत की खबर आते ही पूरे परिवार में कोहराम मच गया। और स्वजन रांची निकल गए।मंगलवार सुबह से आलोक के घर पर भीड़ जमा होने लगी।देर रात तक शव के आने की संभावना है।आलोक काफी हंसमुख और मिलनसार युवक था।देर शाम शव के पहुंचने पर उसके पिता विनोद मिस्त्री चाचा कुमोद मिस्त्री माता चाची सहित अन्य का रोरो कर बुरा हाल था। वहां देखने जाने वाला हर शख्स अपनी आंसू नहीं रोक रहा था। इस अवसर पर प्रमुख रविश कुमार मुखिया अनिल कुमार,पूर्व मुखिया चंद्रमोहन पांडेय,भाजपा के वरिष्ठ नेता हरेकृष्ण पांडेय,उदय वर्मा,रामचंद्र मिस्त्री आदित्य पोद्दार सहित बड़ी संख्या में लोग उपस्थित थे।देर रात चांदन नदी में उसका दाह संस्कार कर दिया गया।
