बांका : बिहार के बांका जिले में फिर से एक मदरसा इन दिनों सुर्खियों में है। इस मदरसे से चार देसी कट्टा एवं आठ कारतूस बरामद किए गए हैं। ये असलहे मदरसा के एक कमरे में पुआल की कुट्टी के नीचे छिपाकर रखे हुए थे। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने इन्हें बरामद किया। इस सिलसिले में अब तक किसी की गिरफ्तारी की खबर नहीं है। पुलिस मामले की तहकीकात कर रही है।
बांका जिला अंतर्गत धोरैया थाना क्षेत्र के करहरिया गांव स्थित मदरसे से ये हथियार बरामद किए गए हैं। पुलिस के अनुसार धोरैया- सनहौला मुख्य मार्ग पर करहरिया गांव में जामिया अरबिया तालीमुल कुरान मदरसा स्थित है, जिसका संचालन मौलाना फज़ीरुद्दीन करते हैं। मदरसा से हथियार बरामदगी पर मौलाना ने कहा कि उन्हें इस बारे में कोई जानकारी नहीं। शायद इस तरह किसी ने उन्हें फंसाने की साजिश रची है।धोरैया थानाध्यक्ष महेश्वर राय ने कहा कि मदरसा में अवैध हथियार होने की सूचना मिलने के बाद छापामारी की गई, जहां एक कमरे में रखे पुआल की कुट्टी के नीचे कपड़े में लपेटे हुए ये हथियार बरामद कर लिए गए। इनमें चार देसी कट्टा एवं आठ कारतूस शामिल हैं। इनमें से तीन कारतूस जिंदा एवं 5 मिस फायर कारतूस हैं।मदरसा के संचालक मौलाना फज़ीरुद्दीन का कहना है कि मदरसा परिसर में हथियार कहां से और किस प्रकार आए, उन्हें कुछ भी पता नहीं। मदरसा में बिहार एवं झारखंड के विभिन्न हिस्से के कुल 9 बच्चे स्थाई रूप से रह कर अध्ययन करते हैं। जबकि गांव के बच्चे दिन में यहां पढ़ने के लिए पहुंचते हैं। मदरसा में पहले गाय भी रखी जाती थी। अभी यहां एक भैंस है जिसके लिए चारा के तौर पर पुआल की कुट्टी रखी जाती है।पुलिस आसपास के लोगो से पूछताछ कर मामले की जांच कर रही है।हाल ही में बांका के एक मदरसे में भीषण विस्फोट से पूरा मदरसा क्षतिग्रस्त हो गया था।जिसमे कई गांव में कुछ दिनों तक तनाव भी था।