बाल अधिकार एवं सुरक्षा के मुद्दे पर मदर टेरेसा समूह की बैठक हुई सम्पन्न

रजौन, बांका : रजौन प्रखंड के मोरामा-बनगांव पंचायत के राजकीय मध्य विद्यालय पुनसिया में शुक्रवार को मदर टेरेसा समूह द्वारा बाल अधिकार एवं सुरक्षा के मुद्दे पर किशोरियों की बैठक सम्पन्न हुई। इस दौरान विद्यालय के प्रधानाध्यापक दिवाकांत कुमार यादव, सहायक शिक्षिका रीना रानी, उषा देवी, संगीता देवी, लुसी कुमारी, ममता सिन्हा, शक्ति रूपा, निभा कुमारी, मदर टेरेसा किशोरी समूह के सभी सदस्यों सहित समूह की अध्यक्ष स्वाति प्रिया, सचिव सपना कुमारी, प्रथम संस्था के प्रखंड समन्वयक सुधांशु शेखर के साथ लगभग 120 किशोरियां उपस्थित रही। मदर टेरेसा किशोरी समूह की अध्यक्षा स्वाति प्रिया ने बाल अधिकारों पर चर्चा करते हुए बताया कि हमारे समाज में आज भी बाल विवाह, बाल श्रम के जैसे मुद्दे मौजूद है। ये संघर्ष हम किशोरियों का है जिसे हम सभी को एक साथ मिल कर लोगो में जागरूकता लानी होगी। हमे अपने अधिकार की रक्षा स्वयं करनी होगी और अपने परिवार से बात करनी होगी। शिक्षा का अधिकार सभी को है लेकिन हमारे गाँव समाज में आज भी बहुत सारी ऐसी किशोरियां है जिनका विवाह काम उम्र में कर दिया जाता है एवं उन्हें शिक्षा से वंचित रखा जाता है। सरकार ने विवाह के लिए 18 वर्ष कि आयु तय की है लेकिन अभी भी विवाह 14 से 16 वर्ष में हो रही है। हमें अपने शिक्षा के लिए जागरूक होना है। हम शिक्षित होंगे तभी अपनी बातों को समाज के बीच रख सकते है।प्रधानाध्यापक दिवाकांत कुमार यादव ने बताया कि मदर टेरेसा ग्रुप की किशोरियां राजकीय मध्य विद्यालय पुनसिया से ही अपनी प्राथमिक एवं माध्यमिक शिक्षा प्राप्त किया है और आज ये बच्चे अपने समाज में बदलाव लाने का जो प्रयास कर रहे हो वो काफी सराहनीय है। अंतरास्ट्रीय महिला दिवस पर समूह को समाज कल्याण विभाग द्वारा मिले सम्मान से सभी शिक्षकगण गौवान्वित है, विद्यालय प्रबंधन और सभी शिक्षक बच्चों के इस मुहीम में उनके साथ है। उन्होंने हर माह के दूसरे एवं चौथे शनिवार को किशोरी सम्मलेन विद्यालय परिसर में करने की बच्चों को अनुमति दी हुई है। मदर टेरेसा किशोरी समूह के 10 किशोरियों ने 10-10 बच्चों का एक समूह का विद्यालय परिसर में गठन किया है, जो अपने गाँव समाज में बच्चों को शिक्षा से जोड़ने, बाल अधिकार के संरक्षण और सुरक्षा हेतु जागरूकता करने, बाल विवाह एवं बाल श्रम को रोकने के लिए काम करेंगी।
प्रथम संस्था के प्रखंड समन्वयक सुधांशु शेखर ने बताया प्रथम संस्था कि सोच है कि हर बच्चे का अधिकार सुरक्षित हों एवं हर बच्चे को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिले। किशोरियों के इस प्रयास में संस्था उनकी हर संभव मदद करेगी एवं बच्चों के सम्बंधित जिला स्तरीय सरकारी विभागों व  सामाजिक सुरक्षा से संबंधित योजनाओं के बारे जानकारी देगें। किशोरियों के प्रशिक्षण के लिए भी संस्था प्रयासरत रहेगी।

रिपोर्ट:केआर राव 

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